रमेश बिश्नोई ने सोमवार को समाचार एजेंसी आईएएनएस से बातचीत में बिश्नोई समाज की नाराजगी का जिक्र किया। उनके बयान के मुताबिक, यह मामला किसी व्यक्ति के साथ व्यक्तिगत विवाद से ज्यादा समाज की भावनाओं से जुड़ा हुआ है। हालांकि, यह रमेश बिश्नोई का पक्ष है। उनके बयान को किसी आपराधिक घटना को सही ठहराने या धमकी की पुष्टि के रूप में नहीं देखा जाना चाहिए।
मुंबई: टाइगर श्रॉफ फायरिंग केस में रमेश बिश्नोई का बयान, सलमान खान के परिवार से की जिद छोड़ने की अपील

मुख्य बिंदुQuick Read
- टाइगर श्रॉफ की गाड़ी पर गोलीबारी की घटना के बाद रमेश बिश्नोई ने बयान दिया।
- उन्होंने सलमान खान के परिवार से जिद छोड़ने और माफी के मुद्दे पर विचार करने की अपील की।
सलमान खान के परिवार से क्या बोले रमेश बिश्नोई?
रमेश बिश्नोई ने सलमान खान के परिवार से जिद छोड़ने की अपील की। उन्होंने कहा कि बिश्नोई समाज में इस मुद्दे को लेकर नाराजगी है और सलमान खान को सामने आकर माफी मांगने के रास्ते पर विचार करना चाहिए। उन्होंने बातचीत में यह भी दावा किया कि सलमान खान के साथ काम करने वाले लोगों को नुकसान पहुंचने की चेतावनी दी गई है।
इस तरह के बयानों को गंभीरता से लेते हुए यह स्पष्ट करना जरूरी है कि किसी भी व्यक्ति को धमकाना या हिंसा के जरिए दबाव बनाना उचित नहीं है। मामले से जुड़ी धमकियों, सोशल मीडिया पोस्ट और गोलीबारी के बीच संबंध की पुष्टि जांच एजेंसियों के निष्कर्षों के आधार पर ही की जानी चाहिए।
काले हिरण शिकार मामले से जुड़ा है पुराना विवाद
सलमान खान और लॉरेंस बिश्नोई गिरोह के बीच विवाद की चर्चा अक्सर वर्ष 1998 के काले हिरण शिकार मामले के संदर्भ में होती है। यह मामला राजस्थान में फिल्म 'हम साथ-साथ हैं' की शूटिंग के दौरान का है। बिश्नोई समुदाय काले हिरण को धार्मिक और सांस्कृतिक दृष्टि से महत्वपूर्ण मानता है। इसी मामले को लेकर सलमान खान के खिलाफ लंबे समय से विरोध और धमकियों की खबरें आती रही हैं।
हालांकि, पुराने मामले की कानूनी स्थिति और उससे जुड़े किसी भी दावे को अदालत के आदेशों तथा आधिकारिक रिकॉर्ड के आधार पर ही समझा जाना चाहिए। किसी व्यक्ति या संगठन के बयान को न्यायिक निष्कर्ष नहीं माना जा सकता।
जुहू में टाइगर श्रॉफ की गाड़ी पर हुई थी गोलीबारी
18 अक्टूबर 2026 को मुंबई के जुहू इलाके में टाइगर श्रॉफ की गाड़ी पर गोलीबारी की घटना सामने आई। शुरुआती मीडिया रिपोर्टों के मुताबिक, अभिनेता फुटबॉल खेलने के बाद वहां से निकल रहे थे, तभी उनकी गाड़ी को निशाना बनाकर गोलियां चलाई गईं। टाइगर श्रॉफ सुरक्षित रहे, जबकि उनके ड्राइवर और एक अन्य व्यक्ति के घायल होने की खबर आई।
घटना के बाद मुंबई पुलिस ने जांच शुरू की। 19 अक्टूबर को प्रकाशित रिपोर्टों में राजस्थान के कोटा में इस मामले से जुड़े तीन संदिग्धों को पकड़े जाने की जानकारी दी गई। पुलिस की जांच में घटना के पीछे की वजह, आरोपियों की भूमिका और कथित गिरोह से किसी संबंध की पुष्टि अहम बिंदु हैं। आरोपियों के खिलाफ लगाए गए आरोपों का अंतिम निर्धारण न्यायिक प्रक्रिया के तहत होगा।
सोशल मीडिया पर जिम्मेदारी लेने के दावे की जांच जरूरी
गोलीबारी के बाद सोशल मीडिया पर एक कथित संदेश और जिम्मेदारी लेने के दावे की चर्चा हुई। कुछ रिपोर्टों में इसे लॉरेंस बिश्नोई गिरोह से जुड़ा बताया गया, लेकिन ऐसे दावों की प्रामाणिकता और घटना से उनका संबंध पुलिस की जांच से ही स्पष्ट होगा। केवल सोशल मीडिया पोस्ट के आधार पर किसी गिरोह की संलिप्तता को अंतिम रूप से स्थापित नहीं माना जा सकता।
फिलहाल रमेश बिश्नोई का बयान, टाइगर श्रॉफ की गाड़ी पर गोलीबारी और सलमान खान को लेकर सामने आई धमकियों के दावे इस घटनाक्रम के प्रमुख पहलू हैं। मामले में पुलिस की आधिकारिक जानकारी और जांच के निष्कर्ष सामने आने के बाद ही पूरे घटनाक्रम की तस्वीर स्पष्ट हो सकेगी।